कोरबा : Massive Fire at Korba Plant : जिले के बांधाखार स्थित मारुति क्लीन कोल एंड पावर प्लांट में बुधवार की रात करीब 1.45 बजे 300 मेगावाट यूनिट से जुड़े पावर ट्रांसफार्मर में अचानक आग लग गई। आग लगते ही प्लांट परिसर में अफरा-तफरी मच गई और एहतियातन यूनिट का संचालन बंद करना पड़ा। घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन बिजली उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया है और लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
Massive Fire at Korba Plant

बताया जा रहा है कि ट्रांसफार्मर से अचानक धुआं और तेज लपटें उठने लगीं। सूचना मिलते ही प्लांट की सुरक्षा टीम और चाकाबुड़ा स्थित संयंत्र से दमकल कर्मी मौके पर पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। समय रहते कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
Massive Fire at Korba Plant
घटना के बाद प्लांट प्रबंधन ने तकनीकी जांच शुरू कर दी है। शुरुआती तौर पर तकनीकी खराबी और ओवरलोडिंग को आग लगने की संभावित वजह माना जा रहा है। हालांकि वास्तविक कारण जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। प्रबंधन द्वारा अतिरिक्त रुप से रखे गए पावर ट्रांसफार्मर को जोड़ कर बिजली आपूर्ति बहाल करने का प्रयास शुरू कर दिया गया है। इस घटना ने एक बार फिर जिले के औद्योगिक प्रतिष्ठानों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। कुछ समय पहले वेदांता पावर प्लांट में हुए बायलर विस्फोट की भयावह घटना अभी भी लोगों के जेहन में ताजा है। उस हादसे में 25 मजदूरों की मौत हो गई थी, जबकि कई श्रमिक गंभीर रूप से झुलस गए थे।
Massive Fire at Korba Plant
उस घटना के बाद उद्योगों में सुरक्षा मानकों को लेकर बड़े दावे किए गए थे, लेकिन लगातार सामने आ रही घटनाएं व्यवस्थाओं की पोल खोल रही हैं। कोरबा को ऊर्जा नगरी कहा जाता है और यहां सार्वजनिक व निजी क्षेत्र के कई बड़े ताप विद्युत संयंत्र संचालित हैं। ऐसे में लगातार सामने आ रहे हादसे श्रमिकों की सुरक्षा और प्लांटों की तकनीकी निगरानी पर गंभीर चिंता पैदा कर रहे हैं।



